शिव पुराण में वर्णित

12 ज्योतिर्लिंग

सौराष्ट्रे सोमनाथं च श्री शैले मल्लिकार्जुनम |
उज्जयिन्यां महाकालंओंकारं ममलेश्वरम ||
केदारं हिमवत्प्रष्ठे डाकिन्यां भीमशंकरम |
वाराणस्यां च विश्वेशं त्रयम्बकं गोतमी तटे ||
वैधनाथं चितभूमौ नागेशं दारुकावने |
सेतुबन्धे च रामेशं घुश्मेशं तु शिवालये ||
(शिव पुराण कोटि रूद्र संहिता 32-33)

परिचय श्री घुश्मेश्वर 12th

ज्योतिर्लिंग शिवाड़

घुश्मेश्वर ज्योतिर्लिंग ट्रस्ट आप सभी का इस पवित्र स्थान पर हार्दिक स्वागत करता है। घुश्मेश्वर ज्योतिर्लिंग भगवान शंकर के निवास के रूप में द्धादशवां एवं अंतिम ज्योतिर्लिंग है। यह द्धादशवां ज्योतिर्लिंग राजस्थान राज्य के सवाई माधोपुर जिले के ग्राम शिवाड़ में देवगिरि पहाड़ के अंचल मे स्थित है। जो जयपुर से मात्र 100 किलोमीटर दूर नेशनल हाईवें नं.12 पर बरोनी होकर (बरोनी से 21 किलोमीटर दूर) स्थित है। यह जयपुर कोटा रेलमार्ग पर ईसरदा रेल्वे स्टेशन से 3 किलोमीटर दूर स्थित है।